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डॉलर की मजबूती जारी, बॉन्ड यील्ड कई वर्षों के शिखर पर; यूरो और येन पर दबाव

मंगलवार को विदेशी मुद्रा बाजार में अमेरिकी डॉलर लगभग दो सप्ताह के अपने उच्चतम स्तर के करीब बना रहा। वैश्विक सरकारी बॉन्ड की बिकवाली के कारण बेंचमार्क यील्ड कई वर्षों के शिखर पर पहुंच गई है, जिससे यह उम्मीद और मजबूत हो गई है कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व सितंबर में फिर से ब्याज दरें बढ़ा सकता है।
डॉलर की मजबूती के पीछे के कारण
डॉलर स्पॉट इंडेक्स में 0.16% की मामूली बढ़त देखी गई, जो इसकी हालिया तेजी को जारी रखे हुए है। यह मजबूती अमेरिकी अल्पकालिक ब्याज दरों को लेकर बाजार की उम्मीदों में एक बड़े बदलाव को दर्शाती है, जिसका मुख्य कारण फेड अधिकारियों के आक्रामक बयान हैं।
Investing.com के अनुसार, जैक्सन होल सम्मेलन में फेडरल रिजर्व के पूर्व गवर्नर केविन वॉर्श के भाषण के बाद, 10-वर्षीय अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड 3 बेसिस पॉइंट बढ़कर 4.80% पर पहुंच गई, जो जनवरी 2025 के बाद का उच्चतम स्तर है। मुद्रा बाजार अब 17 सितंबर की बैठक में फेड द्वारा 25 बेसिस पॉइंट्स की दर वृद्धि की लगभग 74% संभावना देख रहा है, जो वॉर्श के भाषण से पहले केवल 34% थी।
यूरो और येन पर दबाव
बढ़ती अमेरिकी यील्ड और मजबूत डॉलर ने कम ब्याज दर वाली मुद्राओं पर काफी दबाव डाला है, विशेष रूप से यूरो और जापानी येन पर।
यूरो में गिरावट
Adयूरोजोन के मिले-जुले मुद्रास्फीति आंकड़ों के कारण यूरो 0.20% गिरकर $1.1592 पर आ गया। यूरोस्टैट के अनुसार, अगस्त में हेडलाइन उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) बढ़कर 3.3% हो गया, लेकिन ऊर्जा और खाद्य पदार्थों को छोड़कर कोर CPI अप्रत्याशित रूप से घटकर 2.4% रह गया। यह विरोधाभास सितंबर में यूरोपीय सेंट्रल बैंक (ECB) के लिए नीतिगत निर्णय लेना मुश्किल बना सकता है।
येन पर हस्तक्षेप का खतरा
जापानी येन 159.85 प्रति डॉलर पर था, जो 160 के मनोवैज्ञानिक रूप से महत्वपूर्ण स्तर के करीब है, जिसने अतीत में हस्तक्षेप को प्रेरित किया था। एक प्रमुख अमेरिकी निवेशक स्कॉट बेसेंट के एक बयान के बाद येन को कुछ समय के लिए सहारा मिला, जिन्होंने बैंक ऑफ जापान (BOJ) से ब्याज दरें बढ़ाने का आग्रह किया। इस बयान के बाद, बाजार में BOJ द्वारा दर वृद्धि की संभावना बढ़कर लगभग 88% हो गई, और 10-वर्षीय जापानी सरकारी बॉन्ड (JGB) की यील्ड तीन दशकों में पहली बार 3.000% पर पहुंच गई।
बाजार की नजरें प्रमुख अमेरिकी आंकड़ों पर
निवेशक अब डॉलर की अगली दिशा के लिए अमेरिका से आने वाले प्रमुख आर्थिक आंकड़ों का इंतजार कर रहे हैं। इस सप्ताह जारी होने वाले आंकड़ों में JOLTS जॉब ओपनिंग्स, ADP निजी क्षेत्र रोजगार और शुक्रवार को आने वाली अगस्त की नॉन-फार्म पेरोल (NFP) रिपोर्ट शामिल है, जो श्रम बाजार की स्थिति का संकेत देगी।
अगले सप्ताह आने वाले अगस्त के CPI आंकड़े 17 सितंबर की फेड बैठक से पहले अंतिम महत्वपूर्ण डेटा होंगे। विश्लेषकों ने चेतावनी दी है कि यदि मुद्रास्फीति उम्मीद से अधिक आती है, तो दर वृद्धि की संभावना 100% के करीब पहुंच सकती है, जिससे डॉलर की तेजी और बढ़ सकती है।