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अमेरिकी मुनाफा वृद्धि के अनुमान बढ़े, लेकिन टेक नतीजों और फेड के फैसले से पहले बाजार सतर्क

Summary
S&P 500 के लिए मुनाफे में 39% की भारी वृद्धि के अनुमान के बावजूद, निवेशक बड़ी टेक कंपनियों के नतीजों और फेडरल रिजर्व के नीतिगत फैसले को लेकर सतर्क हैं, खासकर दक्षिण कोरियाई चिप कंपनी SK Hynix के शेयरों में तेज गिरावट के बाद।
अमेरिकी कंपनियों के मुनाफे में जोरदार वृद्धि के अनुमानों के बीच, दक्षिण कोरियाई चिप दिग्गज SK Hynix के शेयरों में आई भारी गिरावट ने बाजार में चिंता बढ़ा दी है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में हुआ है जब निवेशक माइक्रोसॉफ्ट और मेटा जैसी बड़ी अमेरिकी टेक कंपनियों के नतीजों और फेडरल रिजर्व के महत्वपूर्ण नीतिगत फैसले का इंतजार कर रहे हैं।
टेक नतीजों के लिए ऊंची उम्मीदें
बुधवार को दक्षिण कोरियाई चिप निर्माता SK Hynix के तिमाही मुनाफे में रिकॉर्ड छह गुना की बढ़ोतरी दर्ज की गई, लेकिन यह बाजार के ऊंचे अनुमानों से कम रहा। इस खबर के बाद कंपनी के शेयर लगभग 10% तक गिर गए, जिससे चिप-आधारित KOSPI सूचकांक में भी 6% की बड़ी गिरावट आई।
यह घटनाक्रम अमेरिकी टेक कंपनियों के लिए एक चेतावनी के रूप में देखा जा रहा है, जिनसे निवेशकों को बहुत अधिक उम्मीदें हैं। अल्फाबेट और टेस्ला द्वारा पिछले सप्ताह अपने AI-संबंधी पूंजीगत व्यय (capex) पर चिंता जताने के बाद, अब माइक्रोसॉफ्ट और मेटा के नतीजों में कैश बर्न और कर्ज के स्तर पर बारीकी से नजर रखी जाएगी।
मुनाफा वृद्धि का मजबूत परिदृश्य
टेक क्षेत्र की घबराहट के बावजूद, अमेरिकी कॉरपोरेट आय की समग्र तस्वीर काफी मजबूत बनी हुई है। LSEG के आंकड़ों के अनुसार, दूसरी तिमाही के लिए S&P 500 की कुल मुनाफा वृद्धि का अनुमान अब बढ़कर 39% हो गया है, जो इस महीने की शुरुआत के अनुमानों से 10 प्रतिशत अंक अधिक है।
Adबाजार में हालिया मजबूती भी देखने को मिली है, जिसमें मंगलवार को अमेरिकी शेयर सूचकांकों में उछाल आया और Apple का बाजार पूंजीकरण पहली बार संक्षिप्त रूप से $5 ट्रिलियन के पार चला गया।
फेडरल रिजर्व और अन्य जोखिम
बाजार की नजर अब फेडरल रिजर्व के ब्याज दर पर फैसले पर टिकी है, जिसे लेकर काफी अनिश्चितता बनी हुई है। वायदा बाजार में दर वृद्धि की एक-तिहाई संभावना आंकी जा रही है, जो 2018 के बाद से किसी फेड बैठक से पहले बाजार में सबसे अधिक विभाजन को दर्शाता है।
इसके अतिरिक्त, भू-राजनीतिक तनाव भी बाजार को प्रभावित कर रहे हैं। ईरान संघर्ष में तनाव विराम टूटने के बाद वैश्विक कच्चे तेल की कीमतें फिर से बढ़कर $87 प्रति बैरल से अधिक हो गई हैं। इस बीच, कॉन्फ्रेंस बोर्ड का उपभोक्ता विश्वास सूचकांक जून के 92.2 से गिरकर 90.8 पर आ गया, जो उच्च ऊर्जा कीमतों और नौकरियों को लेकर उपभोक्ताओं की बढ़ती चिंता को दर्शाता है।