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एंटारेस न्यूक्लियर ने सैन्य रिएक्टरों के लिए $47 करोड़ जुटाए

Summary
कैलिफ़ोर्निया स्थित स्टार्टअप एंटारेस न्यूक्लियर ने अमेरिकी सैन्य ठिकानों के लिए छोटे परमाणु रिएक्टर बनाने की अपनी योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए $47 करोड़ जुटाए हैं। इस फंडिंग का उपयोग 2028 तक पहली प्रणालियों की तैनाती में मदद के लिए किया जाएगा।
कैलिफ़ोर्निया स्थित स्टार्टअप एंटारेस न्यूक्लियर इंक. ने अमेरिकी सैन्य ठिकानों को बिजली की आपूर्ति के लिए छोटे रिएक्टर बनाने की अपनी योजनाओं को आगे बढ़ाने के लिए $47 करोड़ का वित्तपोषण हासिल किया है। कंपनी ने सोमवार को एक बयान में कहा कि इस फंडिंग दौर का नेतृत्व वेंचर कैपिटल फर्म पैराडाइम और कैफ़िनेटेड कैपिटल ने किया।
फंडिंग का विवरण
इस नवीनतम वित्तपोषण दौर में $37 करोड़ इक्विटी और $10 करोड़ कर्ज के रूप में शामिल हैं। एंटारेस के अनुसार, इस निवेश से कंपनी को 2028 तक अमेरिकी सैन्य प्रतिष्ठानों में अपनी पहली प्रणालियों को तैनात करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
यह कंपनी 2023 में स्थापित हुई थी और इसके संयंत्र टोरेंस, कैलिफ़ोर्निया; इडाहो फॉल्स, इडाहो; और एकेन, दक्षिण कैरोलिना में स्थित हैं।
प्रौद्योगिकी और प्रगति
एंटारेस के माइक्रो-रिएक्टरों को बिना ईंधन भरे वर्षों तक सुरक्षित और स्वायत्त रूप से चलाने के लिए डिज़ाइन किया गया है। कंपनी अमेरिकी ऊर्जा विभाग के एक कार्यक्रम का हिस्सा है जिसका उद्देश्य परमाणु ऊर्जा की तैनाती में तेजी लाना है।
Adकंपनी ने 4 जून को एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर हासिल किया, जब उसने एक आत्म-निर्भर विखंडन प्रतिक्रिया (self-sustaining fission reaction) उत्पन्न करने की क्षमता का प्रदर्शन किया। इस परीक्षण में थोड़ी मात्रा में ऊर्जा का उत्पादन हुआ था, और एंटारेस को अगले साल तक बिजली पैदा करने वाली प्रणाली तैयार होने की उम्मीद है।
बाज़ार का संदर्भ और चुनौतियाँ
एंटारेस ने एडवांस्ड न्यूक्लियर पावर फॉर इंस्टॉलेशन्स पहल के तहत सेना के लिए रिएक्टर बनाने के लिए पक्के अनुबंध हासिल किए हैं। हालांकि इस विचार को समर्थन मिल रहा है, लेकिन यह तकनीक अभी भी व्यावसायिक पैमाने पर अप्रमाणित है और अमेरिका में कोई भी ऐसी प्रणाली सेवा में नहीं है।
यह फंडिंग इस उभरते हुए क्षेत्र में निवेशकों के बढ़ते विश्वास को दर्शाती है, लेकिन निवेशकों और बाज़ार विश्लेषकों को प्रौद्योगिकी के व्यावसायीकरण से जुड़ी नियामक और तकनीकी बाधाओं पर बारीकी से नजर रखनी होगी।