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अमेरिका में डीज़ल की कीमतें $6.06 प्रति गैलन के रिकॉर्ड स्तर पर, ईरान युद्ध से आपूर्ति संकट गहराया

अमेरिका में राष्ट्रीय औसत डीज़ल ईंधन की कीमत पहली बार $6 प्रति गैलन को पार कर गई है, जो एक ऐतिहासिक मील का पत्थर है। यह अभूतपूर्व वृद्धि ईरान के साथ चल रहे अमेरिकी-इजरायली युद्ध और रूसी रिफाइनरियों पर ड्रोन हमलों के कारण वैश्विक आपूर्ति में आई भारी कमी का सीधा परिणाम है।
अभूतपूर्व मूल्य वृद्धि
प्राइस ट्रैकर GasBuddy के अनुसार, गुरुवार, 10 सितंबर को कीमतें $6 के स्तर को पार कर गईं और CNN के ट्रैकर के अनुसार शुक्रवार सुबह तक $6.06 प्रति गैलन के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गईं। यह फरवरी 2026 के अंत में संघर्ष शुरू होने से पहले के लगभग $3.76 प्रति गैलन के औसत से 60% की भारी वृद्धि है, जैसा कि AAA के आंकड़ों से पता चलता है।
इस मूल्य वृद्धि का सीधा असर उपभोक्ताओं और अर्थव्यवस्था पर पड़ रहा है। ब्राउन यूनिवर्सिटी के वॉटसन स्कूल का अनुमान है कि इस संघर्ष के कारण अमेरिकी परिवारों को ईंधन पर अतिरिक्त $760 खर्च करने पड़े हैं, और Axios के अनुसार, देश का कुल बिल $100 बिलियन से अधिक हो गया है।
बाज़ार और अर्थव्यवस्था पर असर
डीज़ल की रिकॉर्ड कीमतों का असर पूरी आपूर्ति श्रृंखला पर महसूस किया जा रहा है, जिससे मुद्रास्फीति के फिर से बढ़ने का खतरा पैदा हो गया है। GasBuddy के पेट्रोलियम विश्लेषण प्रमुख पैट्रिक डी हान ने रॉयटर्स को बताया, "हर ट्रक, हर डिलीवरी, हर पैकेज... अब और महंगा हो गया है।"
इस संकट के बीच, तेल रिफाइनरियों को अप्रत्याशित लाभ हो रहा है। LSEG के आंकड़ों के अनुसार, डीज़ल क्रैक स्प्रेड - यानी कच्चे तेल और तैयार डीज़ल के बीच रिफाइनिंग मार्जिन - गुरुवार को $112.17 प्रति बैरल के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। यह सीधे तौर पर मैराथन पेट्रोलियम (Marathon Petroleum) जैसी रिफाइनरियों के मुनाफे को बढ़ाता है।
Adवैश्विक आपूर्ति की स्थिति
आपूर्ति की तस्वीर निकट भविष्य में कोई राहत नहीं देती है। ऊर्जा सूचना प्रशासन (EIA) ने बताया कि अमेरिकी डीज़ल का भंडार पांच साल के औसत से 13% कम होकर 106.3 मिलियन बैरल पर है। उद्योग के अधिकारियों ने रॉयटर्स को बताया कि यह तंगी सर्दियों तक बनी रहने की उम्मीद है।
इस बीच, वैश्विक तेल बेंचमार्क एक महत्वपूर्ण साप्ताहिक बढ़त की ओर अग्रसर हैं। रॉयटर्स के अनुसार, ब्रेंट क्रूड लगभग $105.98 और वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) $101.12 के करीब कारोबार कर रहा था, दोनों बेंचमार्क में इस सप्ताह 10% से अधिक की वृद्धि हुई है।
आगे की राह
आने वाले दिनों में दो प्रमुख घटनाएं कीमतों पर और दबाव डाल सकती हैं। चीन 12 सितंबर को पेट्रोल और डीज़ल की खुदरा कीमतों में बढ़ोतरी करने वाला है, जो वैश्विक मांग में वृद्धि का संकेत है। इसके बाद, 15-17 सितंबर के सप्ताह में, अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों पर निर्णय लेने की उम्मीद है। ऊर्जा लागत के कारण अगस्त के मुद्रास्फीति के आंकड़ों में तेज वृद्धि की उम्मीद है, जो एक और दर वृद्धि के मामले को मजबूत कर सकती है।