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तेल की कीमतों में उछाल से कनाडाई डॉलर को मिला सहारा, व्यापारिक तनाव का असर कम

कच्चे तेल की कीमतों में आई तेज उछाल के चलते मंगलवार को कनाडाई डॉलर को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले मजबूती मिली। कनाडा के एक प्रमुख निर्यात वस्तु, तेल की बढ़ती कीमतों ने कमजोर घरेलू आर्थिक आंकड़ों और संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ बढ़ते व्यापारिक तनाव के दबाव को कुछ हद तक कम करने में मदद की।
रॉयटर्स के बाजार आंकड़ों के अनुसार, कनाडाई डॉलर 0.2% बढ़कर C$1.3788 प्रति अमेरिकी डॉलर (या 72.53 अमेरिकी सेंट) पर पहुंच गया, जो दिन के दौरान 1.3776 से 1.3819 के दायरे में रहा।
तेल की कीमतों से मिला सहारा
मध्य पूर्व में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति में व्यवधान की आशंकाओं के कारण कच्चे तेल की कीमतें कई महीनों के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई हैं। सऊदी ऊर्जा सुविधाओं पर हमले और होर्मुज जलडमरूमध्य से तेल टैंकरों के गुजरने को लेकर चिंताओं ने बाजार को प्रभावित किया है।
चूंकि कच्चा तेल कनाडा के सबसे महत्वपूर्ण निर्यातों में से एक है, इसलिए इसकी कीमतों में वृद्धि ने 'लूनी' (कनाडाई डॉलर का प्रचलित नाम) को सीधा समर्थन प्रदान किया। रॉयटर्स के आंकड़ों के अनुसार, अमेरिकी क्रूड वायदा लगभग $92.73 प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था।
घरेलू कमजोरियां और व्यापारिक तनाव
Adतेल की तेजी ने पिछले सप्ताह के निराशाजनक कनाडाई रोजगार आंकड़ों के नकारात्मक प्रभाव को संतुलित किया। आंकड़ों से पता चला था कि कनाडा में अगस्त में 41,700 नौकरियां कम हुईं, जबकि अमेरिका में इसी अवधि में 1,62,000 नौकरियां जुड़ी थीं। इस अंतर ने निवेशकों को अमेरिकी फेडरल रिजर्व और बैंक ऑफ कनाडा के बीच नीतिगत भिन्नता का पुनर्मूल्यांकन करने के लिए प्रेरित किया था।
इसके अलावा, कनाडा और अमेरिका के बीच व्यापार विवाद मंगलवार को और बढ़ गया। द्विपक्षीय वार्ता विफल होने के बाद, कनाडा ने C$20 बिलियन मूल्य के अमेरिकी सामानों पर औपचारिक रूप से जवाबी शुल्क लागू कर दिया। यह कदम कनाडा की अर्थव्यवस्था और मुद्रा के लिए अनिश्चितता बढ़ाता है, क्योंकि यह अमेरिकी बाजार पर बहुत अधिक निर्भर है।
बाजार की नजर अमेरिकी महंगाई के आंकड़ों पर
अब निवेशकों का ध्यान इस सप्ताह के अंत में आने वाले अमेरिकी मुद्रास्फीति के आंकड़ों पर है। ये आंकड़े फेडरल रिजर्व के सितंबर की मौद्रिक नीति के फैसले के लिए महत्वपूर्ण संकेत दे सकते हैं। यदि मुद्रास्फीति उम्मीद से अधिक मजबूत होती है, तो अमेरिकी डॉलर और मजबूत हो सकता है, जिससे कनाडाई डॉलर की बढ़त सीमित हो सकती है।